बलिया सीडीओ ने देखा विकास भवन का सच : अव्यवस्था और गंदगी पर लगाई फटकार, अनुपस्थित 'साहब' पर एक्शन



बलिया : मुख्य विकास अधिकारी ओजस्वी राज ने शुक्रवार को विकास भवन का सघन निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कार्यालयों में गंदगी, पुरानी फाइलों के अंबार और कर्मचारियों की अनुपस्थिति पर सीडीओ ने सख्त नाराजगी जताई और सुधार के लिए 10 प्रमुख निर्देश जारी किए। डीडीओ, डीपीआरओ, डीएम डब्ल्यूओ और कृषि विभाग सहित सभी कार्यालयों की अलमारियों पर संख्या अंकित करने और उनके दरवाजों पर स्पष्ट रूप से 'किसकी अलमारी है' और 'कौन सी फाइलें रखी हैं' का विवरण चस्पा करने के निर्देश दिए। फाइलों से धूल और पुराने बक्सों को तत्काल हटाने को कहा गया। निरीक्षण में डीएसडब्ल्यूओ कार्यालय के रमेश कुमार, जिला समाज कल्याण अधिकारी (विकास) अनुपस्थित पाए गए। साथ ही लापरवाही पर डीओ (पीआरडी) का वेतन रोकने के निर्देश दिए।
सीडीओ ने सभी पटलों और मेजों पर कर्मचारियों की नेम प्लेट लगाने और उस पर उनके द्वारा किए जाने वाले कार्यों का विवरण प्रदर्शित करने के निर्देश दिए गए, ताकि आगंतुकों को कार्य की जानकारी मिल सकें। आरइडी कार्यालय के निरीक्षण में प्रधान सहायक के पास बैठने के लिए कुर्सी उपलब्ध नहीं थी। सीडीओ ने एक्सईएन आरइडी को तत्काल कुर्सी एवं टेबल की व्यवस्था सुनिश्चित करने के कड़े निर्देश दिए। कक्ष संख्या 3 के बाहर की गंदगी साफ कर पेंट कराने और गमले रखने के निर्देश दिए। पंखों से झाले हटाने, बेकार कागजों को नष्ट करने और कक्ष संख्या 5 से खराब कंप्यूटरों को तत्काल हटाने को कहा गया। विकास भवन के शौचालय गंदे पाए गए। सीडीओ ने नजीर, विकास भवन को तत्काल सफाई कराने, टूटी हुई वेस्ट पाइप बदलने, यूरिनल चेंज करने और पानी की सुचारू व्यवस्था हेतु निर्देशित किया। महिला शौचालयों की सफाई और आरओ की सर्विस के भी निर्देश दिए। कक्ष संख्या 12 और 13 के बीच बने अस्थाई कमरे, डीआरडीए स्टोर और अन्य विभागों में रखे निष्प्रयोज्य सामान की समिति बनाकर तत्काल नीलामी करने और कमरे खाली कराने के निर्देश दिए। वहीं, डीपीआरओ कार्यालय में आईजीआरएस कार्य के लिए 'आईजीआरएस सेल' का बोर्ड, सोशल ऑडिट रूम में नेम प्लेट लगाने और डीएस डब्ल्यूओ कंप्यूटर रूम/स्कॉलरशिप रूम के बाहर अंदर बैठने वाले कर्मचारियों का नाम और कार्य लिखवाने के निर्देश दिए।
स्कॉलरशिप रूम, एई एमआई ऑफिस और कृषि विभाग के कमरों में रोशनी कम पाई गई, जिसे तत्काल सुधारने और मेजों पर टेबल क्लॉथ बिछाने के निर्देश दिए गए। भवन के पिछले गेट पर रखी लावारिस अलमारियों और बक्सों के ताले तोड़कर उन्हें हटाने और विकास भवन परिसर के बाहर जमी गंदगी को साफ कराने हेतु डीपीआरओ को जिम्मेदारी सौंपी गई। मुख्य विकास अधिकारी ने स्पष्ट किया है कि सोमवार को पुनः निरीक्षण किया जाएगा। सभी अधिकारी एवं कर्मचारी अपनी ड्यूटी और कार्यालय की व्यवस्थाएं दुरुस्त कर लें। 13 फरवरी 2026 को विकास भवन का वृहद निरीक्षण किया जाएगा, जिसमें लापरवाही मिलने पर बड़ी कार्रवाई तय है। यदि व्यवस्था तत्काल ठीक नहीं की गई तो लापरवाह कर्मचारी के विरुद्ध शासन में कार्यवाही के लिए भेजा जाएगा।

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