कविताओं और ग़ज़लों में जीवंत हुईं ‘नेता जी’ की स्मृतियां, सांसद अफजाल अंसारी ने कुछ यूं रखी अपनी बात

कविताओं और ग़ज़लों में जीवंत हुईं ‘नेता जी’ की स्मृतियां, सांसद अफजाल अंसारी ने कुछ यूं रखी अपनी बात

बलिया : समाजवादी पार्टी के संस्थापक मुलायम सिंह यादव की जयंती के उपलक्ष्य में गंगा बहुद्देश्यीय सभागार में मंगलवार की शाम कवि सम्मेलन और मुशायरे का आयोजन हुआ। फुलेश्वरी देवी शिक्षण संस्थान, फेफना के तत्वाधान में आयोजित कविताओं और गजलों की इस शाम में मुलायम सिंह यादव की स्मृतियां जीवंत हुईं।

 

Ballia

यह भी पढ़े मेरा बॉयफ्रेंड सिर्फ मेरा है... गर्लफ्रेंड ने बीच सड़क पर दूसरी छात्रा को बेल्ट से दौड़ा-दौड़ाकर पीटा, VIDEO वायरल

देश के जाने-माने कवियों और शायरों को सुनने के लिए आये लोगों से विशाल सभागार खचाखच भरा था। कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत बतौर मुख्य अतिथि गाजीपुर के सांसद अफजाल अंसारी ने दीप प्रज्वलित कर किया। उन्होंने कहा कि बलिया की इस धरती से मेरा करीबी रिश्ता है। बलिया मेरा ननिहाल है। उन्होंने अपनी बात काव्यात्मक ढंग से कहते हुए कहा कि ''यहां के फूल में जो ताजगी है, रौनक है, किसी चमन के मुकद्दर में आ नहीं सकती, ये सरजमीं है बहादुर वतनपरस्तों की, यहां की खाक को हर खाक पा नहीं सकती।"

यह भी पढ़े एनएससीटी ने 50-50 रुपए से की छह लाख की मदद, सह संस्थापक ने बताया संस्था का लक्ष्य

Ballia Breaking

उन्होंने विशाल ऑडिटोरियम के लिए तत्कालीन राजस्व मंत्री अम्बिका चौधरी को बधाई दी। वहीं, कवि सम्मेलन व मुशायरे की अध्यक्षता करते हुए वयोवृद्ध राजनेता और प्रख्यात कवि डा उदय प्रताप सिंह ने कहा कि मैंने मुलायम सिंह यादव को छात्र, अध्यापक और नेता हर रूप में देखा। हर रूप में वे दिल जीत लेते थे। वे कमजोरों के हिमायती थे। कवि सम्मेलन का संचालन करते हुए मशहूर कवियत्री डा. सरिता शर्मा ने 'कोई कोना न बचे गम की स्याही के लिए...' सुनाकर कवि सम्मेलन को धार दी। 

मशहूर शायरा शबीना अदीब ने सरस्वती वंदना से कवि सम्मेलन व मुशायरे की शुरुआत की। उन्होंने 'मां शारदे वरदान दो वरदान दो...' से अपनी काव्य यात्रा शुरू की। फिर उन्होंने '....तुम्हारा लहजा बता रहा है तुम्हारी दौलत नई नई है...' से श्रोताओं के दिल पर मजबूत दस्तक दी। इसके बाद पहले कवि के रूप में हास्य व्यंग्य के मशहूर कवि शम्भू शिखर ने खुद को ताजे फल के रूप में प्रस्तुत किया तो लोगों ने जमकर तालियां बजाई। उन्होंने जब कहा 'लालू से मिलो वो तुम्हे बिहारी न कर दे...योगी जी तुम्हे ट्रम्प से तिवारी न कर दे...' तो हॉल ठहाकों से गूंज उठा। '...अपने मुलायम जी जैसा दोबारा नहीं होगा...' को भी लोगों ने खूब पसंद किया।

IMG-20241127-WA0020

वहीं, अयोध्या से आये कवि जमुना उपाध्याय ने सुनाया '...नमन सौ बार है ऐसे दिए को जो बुझकर भी उजाला दे रहा है...' इसके अलावा उन्होंने राजनीति पर करारी टिप्पणी की तो खूब ताली बजी। ख्यातिलब्ध शायर चरण सिंह बशर ने 'ये दुनिया नफरतों की आखिरी स्टेज में है, इलाज इसका मोहब्बत के शिवा कुछ भी नहीं ...' और 'फूल था मैं मुझको एक कांटा बनाकर रख दिया, और अब कांटे से कहते हो कि चुभना छोड़ दे...' सुनाया तो पूरा सभागार तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज गया।

 

Ballia

इसके बाद युवा कवि नीलोत्पल मृणाल ने 'हम मिट्टी के लोग हैं बाबू...' सुनाकर पहली ही लाइन पर लोगों का खूब प्यार पाया। 'उस दौर का जादू क्या जाने ये रील बनाने वाले लड़के...' सुनाया तो लंबे समय तक तालियां बजती रही। नौजवानों की मांग पर 'कोई बलिया कोई देवरिया कोई आजमगढ़ से चलकर आया है' व अन्य गीत सुनाए। उधर, अंतर्राष्ट्रीय स्तर से संचालक व मशहूर शायर नदीम फर्रुख ने अपनी गजलों और नज्मों से खूब वाहवाही बटोरी। उन्होंने सुनाया कि '... वक्त इंसान को नीलाम भी कर देता है... तो लोगों ने खूब पसंद किया।

Ballia

नदीम फर्रुख ने कहा कि मुलायम सिंह यादव हर वक्त गरीबों की हिमायत में खड़े थे, ओहदा तो बड़ा था ही वो दिल के भी बड़े थे। नेता जी हमें रास्ता दिखला के गए हैं..' के जरिए मुलायम सिंह यादव को करीने से याद किया। डा. सरिता शर्मा ने अपनी पहले ही मुक्तक 'भटके हुए लोगों को समझाना जरूरी है, नफरत की दीवारों का गिर जाना जरूरी है...' से लोगों के दिलों में उतर गईं। शायर अज्म शाकिरी ने अपने तरन्नुम से जो समां बांधा, उसमें पूरा सभागार डूबा रहा। उन्होंने सुनाया कि 'रात भर ओस में भींग कर चांद को ऐसी सर्दी लगी...' तो खूब वाहवाही हुई। 

इससे पहले अम्बिका चौधरी ने मुख्य अतिथि, कवियों, शायरों व अन्य अतिथियों के अतिरिक्त सभागार में मौजूद अध्यापक, अधिवक्ता, कर्मचारी व अन्य लोगों का स्वागत करते हुए कहा कि नेता जी मुलायम सिंह यादव करोड़ों लोगों के जीवन में उजाला लाने वाले नेता थे। उन्होंने हर गरीब, किसान, नौजवान और मजलूम की समस्याओं के लिए संघर्ष भी किया और सरकार मे आने पर उनके हित में फैसले भी लिए। इस अवसर पर पूर्व नेता प्रतिपक्ष रामगोविन्द चौधरी, विधायक मो. रिजवी, विधायक जयप्रकाश अंचल व जिला पंचायत अध्यक्ष आनंद चौधरी आदि थे।

Post Comments

Comments

Latest News

बलिया बेसिक में ARP चयन की विज्ञप्ति जारी, जानिएं अंतिम तिथि और रिक्तियां बलिया बेसिक में ARP चयन की विज्ञप्ति जारी, जानिएं अंतिम तिथि और रिक्तियां
बलिया : जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) मनीष कुमार सिंह ने बताया कि जनपद के प्रत्येक विकास खंड एवं नगर...
Ballia News : प्यार में बदली इंस्टाग्राम की दोस्ती, हजारों किलोमीटर दूर चले गये प्रेमी युगल
23 जनवरी का राशिफल : जानिएं कैसा रहेगा अपना आज
बलिया में जनपदीय बाल क्रीड़ा का शानदार आगाज, जानिएं किन-किन ब्लाकों का रहा दबदबा
बलिया में युवक पर जानलेवा हमला, पकड़े गये तीन बाल अपचारी समेत 11 मनबढ़
दवा मंडी बलिया की हर समस्याएं होगी दूर, BCDA का प्रयास जारी : आनंद सिंह
प्रेम कहानी का खौफनाक अंत : आधी रात को कमरे में पकड़े गए प्रेमी युगल, फावड़े से काटकर नदी किनारे दफना दी लाशें