...और दूल्हे को खानी पड़ी जेल की हवा

...और दूल्हे को खानी पड़ी जेल की हवा



सहतवार(बलिया) । कस्बा स्थित श्री चैनराम बाबा के  समाधी स्थल के प्रांगण में शादी समारोह में ही घराती व बराती के बीच विवाद हो गया, जिसमें घराती पक्ष के दो लोग घायल हो गये। घायलो का इलाज  स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर चल रहा है इसकी सूचना पर पहुंची 100 नंबर की पुलिस ने वर एवं उसके पिता को हिरासत में ले लिया है ।
     वाक्या उस समय हुआ जब सहतवार थाना क्षेत्र के सुरहियां  के निवासी झुमन राजभर की पुत्री सुमिरन की शादी दुबहड़ थाना क्षेत्र के अखार निवासी रमाशंकर राजभर के लड़के सरवन से शादी श्री चैन राम बाबा के  समाधि स्थल पर हिंदू रीति रिवाज  से हो रही थी । शादी की रस्म मे अभी गुरहथि तक ही अभी पहुंचा था कि  घराती पक्ष का एक युवक बराती पक्ष के लोगों को जलपान करा रहा था इसी बीच पानी से भरा गिलास बराती पक्ष के एक लड़के के कपड़े पर गिर गया । जिसमें दोनों में तू तू मैं मैं हो गया यह देख कुछ दूरी पर स्थित दूल्हे ने तुरंत मौके पर पहुंच कर घराती पक्ष के लोगों से मारपीट शुरू कर दी । जिसमें घर घराती पक्ष के भते राजभर उम्र 36 वर्ष विकेश कुमार उम्र 16 वर्ष को गंभीर चोट आई है। आसपास के लोगों ने घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर पहुंचाया । उधर पहुंची पुलिस ने दूल्हे और दूल्हे के पिता को हिरासत में ले लिया है । वहीं यह शादी विवाद के कारण रुक गई है। इस घटना से क्षेत्र में चारों तरफ चर्चा का विषय बना हुआ है।

रिपोर्ट श्रीकांत चौबे

Related Posts

Post Comments

Comments

Latest News

बलिया में चयनित 34 एआरपी का ब्लाक आवंटित, BSA ने जारी किए दिशा-निर्देश बलिया में चयनित 34 एआरपी का ब्लाक आवंटित, BSA ने जारी किए दिशा-निर्देश
बलिया : समग्र शिक्षा अभियान के अंतर्गत जनपद में संचालित परिषदीय विद्यालयों में गुणवत्तापरक शिक्षा की लक्ष्य प्राप्ति को राज्य...
Ballia में नाबालिग लड़की से बलात्कार, फरार अभियुक्त के घर पर कुर्की की नोटिस चस्पा
Video : मंदिर से शिवलिंग चोरी : एक्शन में बलिया पुलिस, एसपी बोले...
बलिया के प्राचीन मंदिर से चांदी जड़ित शिवलिंग चोरी, प्रधान ने कर दिया बड़ा ऐलान
हाई कोलेस्ट्रॉल की छुट्टी कर देंगे 3 हेल्दी ब्रेकफास्ट
5 January Ka Rashifal : क्या कहते हैं आपके सितारे, पढ़ें सोमवार का राशिफल
सरसता एवं मानवता की प्रतिमूर्ति थे डॉ. राघवेंद्र बहादुर सिंह