लॉकडाउन : पिता के अंतिम संस्कार में शामिल नहीं हो सके बेटे, फिर...

लॉकडाउन : पिता के अंतिम संस्कार में शामिल नहीं हो सके बेटे, फिर...


बस्ती। कोरोना वायरस में लॉकडाउन के चलते पिता की मौत पर उसके तीन बेटे घर नहीं आ पाए। जिससे दिन भर शव घर पर पड़ा रहा, दूसरे दिन पड़ोसी ने दिवंगत का दाह संस्कार करके बेटे का फर्ज निभाया। इसकी चर्चा पूरे क्षेत्र में हो रही है।

हर्रेया थाना क्षेत्र के कोदई गांव के रहने वाले राम दरश सोमवार को दोपहर में खेत में काम कर रहे थे, अचानक उनकी तबियत बिगड़ी और खेत में ही राम दरश की मौत हो गई। घटना से पूरे गांव में कोहराम मच गया। परिवार के लोगों ने फोन के जरिए तीनों बेटों लालचद्रं, मूलचद्रं और प्रेमचंद्र इस घटना की जानकारी दी। तीनों बेटे घर आने के लिए दिनभर दिल्ली में प्रशासनिक अधिकारियों के यहां चक्कर काटते रहे लेकिन कोरोना महामारी में लॉकडाउन के चलते घर नहीं आ सके। घटना के बाद पूरे गांव के लोग जुट गए। गांव के पूर्व जिला पंचायत सदस्य समीर कुमार चौधरी सहित कई लोगों ने किसान के शव का अंतिम संस्कार करने को लेकर सहमति बनाई। दूसरे दिन मंगलवार को दोपहर में पड़ोसी ने किसान के शव का अंतिम संस्कार किया।



Related Posts

Post Comments

Comments

Latest News

2 February ka Rashifal : जानिएं क्या कहते हैं आपके सितारे 2 February ka Rashifal : जानिएं क्या कहते हैं आपके सितारे
मेषस्वास्थ्य में सुधार होगा। मां का साथ मिलेगा। भूमि, भवन, वाहन की खरीदारी की स्थिति बनेगी। प्रेम संतान भी अच्छा...
संवेदनशील और जनहितैषी सोच का परिचायक है स्वस्थ भारत के संकल्प को आगे बढ़ाता केन्द्रीय वित्त मंत्री का 9वां बजट 
बजट पर पूर्व मंत्री रामगोविन्द चौधरी की तीखी प्रतिक्रिया, बोले...
बलिया में दर्दनाक हादसा : गंगा में डूबने से युवक की मौत, मचा कोहराम
बलिया के शिक्षक नेता ने मध्यम और नौकरी पेशा लोगों के लिए बताया निराशाजनक
अनोखे और अद्भुत व्यक्तित्व के धनी थे 'प्रमोद बाबा', पत्रकारों ने दी श्रद्धांजलि
बलिया में 6 दिन से गायब बालक का मिला शव, हत्या की आशंका ; ग्रामीणों ने किया थाने पर प्रदर्शन