बलिया : बुर्जुग ने बच्चों को रोक लिया, अन्यथा हो सकता था वड़ा हादसा

बलिया : बुर्जुग ने बच्चों को रोक लिया, अन्यथा हो सकता था वड़ा हादसा

बैरिया, बलिया। बैरिया-रेवती मार्ग अंतर्गत चिरैया मोड़ के पास लोहे के खंभे में करंट उतरने से एक सांढ की कालकवलित हो गया। वही, वहां खेल रहे कुछ बच्चे सांढ को बिजली के खंभे के पास गिरा देख कर उसके तरफ लपके, किंतु एक बुजुर्ग व्यक्ति ने चिल्लाकर यह कहते हुए रोका कि बिजली के खंभे में करंट उतर आया है। तुम लोग उसके पास ना जाओ। बच्चे ठिठक गए, अन्यथा बड़ी घटना हो सकती थी‌।

बैरिया विद्युत उप केंद्र अंतर्गत चिरैया मोड़ पर बिजली के लोहे का खंभा गाड़ कर तार खींचा गया है, जिससे कई बार हादसा हो चुका है। ग्रामीण बार-बार लोहे के खंभे को बदलकर सीमेंट का खंभा लगाने का आग्रह बिजली विभाग से करते रहे हैं, किंतु विभाग इस पर ध्यान नहीं दे रहा है। गुरुवार को सांढ की मौत हो गई। इस संदर्भ में रवि पांडे, सुनील कुमार, बृजेश पासवान, बृजेश साह, वीरेंद्र यादव आदि ने बिजली विभाग के कार्यालय पर पहुंचकर विद्युत आपूर्ति बंद कराया।

वहीं, नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी से उक्त मृत सांढ के शव को सड़क किनारे से हटाने का आग्रह किया। बावजूद इसके मृत सांढ का शव सड़क किनारे ही पड़ा रहा। ग्रामीणों ने बताया कि अगर तत्काल बिजली विभाग लोहे का खंभा नहीं बदलता है तो हम लोग विद्युत उपकेंद्र बैरिया पर तालाबंदी कर देंगे। इस बाबत पूछने पर अवर अभियंता सुनील पाल ने बताया की प्रकरण मेरे संज्ञान में नहीं है। देखता हूं कि क्या मामला है।


शिवदयाल पांडेय मनन

Related Posts

Post Comments

Comments

Latest News

17 March Ka Rashifal : कैसा रहेगा अपना मंगलवार, पढ़ें आज का राशिफल 17 March Ka Rashifal : कैसा रहेगा अपना मंगलवार, पढ़ें आज का राशिफल
मेषस्वास्थ्य प्रभावित हो सकता है। प्रेम की स्थिति दूरी वाली, संतान की स्थिति भी दूरी वाली दिख रही है। कोई...
प्यार के लिए उजाड़ा 'सिंदूर' : प्रेमी से दूरी बर्दाश्त नहीं कर सकी पत्नी, करा दी पति की हत्या
Ballia News : किशोरी गायब, सहेली समेत चार के खिलाफ अपहरण का मुकदमा
Ballia News : आज नौ घंटे बाधित रहेगी यहां की बिजली
जनगणना 2027 की तैयारी : बलिया में ट्रेंड हुए 110 फील्ड ट्रेनर
परिषदीय विद्यालयों की वार्षिक परीक्षा शुरू, बलिया में शामिल हुए दो लाख से अधिक परीक्षार्थी
बलिया में मंदिर के पास दो दिनों से खड़ी थी लावारिश बाइक, क्या है माजरा ?