To Learn Online Click here Your Diksha Education Channel...


ads booking by purvanchal24@gmail.com

मोमिन की जिन्दगी का हर दिन होना चाहिए रमजान जैसा : मौलाना नईम ज़फ़र

बलिया। रसड़ा कस्बा निवासी युवा मोलवी हज़रत मौलाना नईम ज़फर साहब ने अपने खेताब में कहा कि अल्लाह रब्बूल इज्जत ने हमें रमजान जैसे बा बरकत महीने से नवाजा था। इस मुबारक महीने से हमें ये पैगाम मिलता है कि जिस तरह हम रोजे के दरमियान खाने पीने के साथ-साथ अपने हाथ और जुबान को भी हर गलत कामों से रोके रखते हैं। अपने आप को ज्यादा से ज्यादा इबादत में मशगूल रखते हैं। इसी तरह बाकी महीनों में भी हमें अपना मामूल बनाना चाहिए। रमजान की तरह अपने आप को इबादत में मशगूल रख कर हर बुराई से रोकना चाहिए और इस मुबारक महीने के खत्म होने पर हम मुसलमानों पर, जो साहब-ए-निसाब हैं, उन पर सदका-ए-फितर भी वाजिब है, जिसका ईद-उल-फितर की नमाज़ से पहले पहले अदा करना जरूरी है। 

ये सदका ए फितर एक तो फुकरा और मसाकीन की मदद के लिए होता है, ताकि उनकी भी ईद खुशी के साथ गुजरे और दूसरी वजह ये की इस महीने में हमसे जो कोताहियां हुई हों और रोज़े में जो कमियां रह गयी हो, उसकी भरपाई के लिए ये सदका ए फितर होता है। हमें अल्लाह रब्बूल इज्ज़त से कसरत से दुआ-ए-मगफिरत के साथ ही यह भी दुआ करनी चाहिए कि अल्लाह रब्बुल इज़्ज़त इस रमजानुल मुबारक के महीने को हमारी जिन्दगियों को बदलने वाला और नेक अमल करने वाला बना दे।                                              

Post a Comment

0 Comments