To Learn Online Click here Your Diksha Education Channel...


>>>

ये हैं बलिया पुलिस का मानवीय चेहरा, किया उस शव का दाह संस्कार ; जिसे...


बलिया। पुलिस की कार्यशैली पर अक्सर सवाल उठता रहता है, लेकिन पुलिस वालों का कोई सानी भी नहीं है। वर्दी वालों के सीने में भी दिल होता है। आज कोरोना संक्रमण की वजह से न सिर्फ सामाजिक तानाबाना टूटता दिख रहा है, बल्कि हमेशा एक दूसरे की मदद में खड़े रहने वाले अपने भी मौत होने पर पास खड़े होने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं। इस परिस्थिति में पुलिस हर मोर्चे पर खड़ी दिख रही है। इसकी बानगी रविवार को फेफना थाना क्षेत्र के माल्देपुर संगम तट पर देेेखने को मिली। यहां पुलिस ने उस अधजले शव व कंकाल का दाह संस्कार कराया, जिसे कुत्ते नोच रहे थे। 
फेफना थाना क्षेत्र के माल्देपुर गंगा-तमसा संगम तट पर सुबह मछुआरों को कुत्तों का एक झुंड दिखा। मछुआरे नजदीक जाकर देखे तो कुत्ते अधजली लाश व मानव कंकाल को नोच रहे थे। नदी किनारे शव मिलने की सूचना पर मिलते ही फेफना थानाध्यक्ष संजय त्रिपाठी दल-बल के साथ पहुंच गए। पुलिस ने स्थानीय मल्लाहों तथा डोम की मदद से अधजले शव व जलकुंभी में फंसे कंकाल को बाहर निकलवाया। फिर लकड़ी मंगाकर दाह संस्कार करवाया। थानाध्यक्ष संजय त्रिपाठी ने बताया कि माल्देपुर घाट पर 24 घंटे दाह संस्कार चल रहा है। देर रात चिता में आग लगाकर लोग वापस लौट गए होंगे। वही, दूसरे का सिर्फ कंकाल था। अगर किसी ने शव फेंका होता तो कफन भी होता।

Post a Comment

0 Comments